चंडीगढ़, 16/10/2026
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन शुक्रवार दोपहर बाद केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के चंडीगढ़ स्थित कार्यालय पहुंचे। सीबीआई ने उन्हें दोपहर 2:30 बजे पूछताछ के लिए तलब किया था ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन के वकील ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि सीबीआई की ओर से पूछताछ का नोटिस व्हाट्सएप के जरिए प्राप्त हुआ था। नोटिस मिलने के तुरंत बाद वे जांच एजेंसी के दफ्तर पहुंचे। वकील ने कहा, “हम सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का पूरी तरह पालन कर रहे हैं और जांच एजेंसी को पूरा सहयोग दिया जा रहा है। राजबीर घुम्मन जांच के लिए अंदर गए हैं।”
क्या है पूरा मामला?
यह मामला सरकारी कामकाज में कथित भ्रष्टाचार और पद के प्रभाव का इस्तेमाल कर प्रशासनिक फैसलों को प्रभावित करने के आरोपों से संबंधित है। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद सीबीआई ने इस मामले में राजबीर सिंह घुम्मन समेत छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की थी। जांच एजेंसी द्वारा सरकारी अधिकारियों के तबादलों व तैनातियों, नीतियों के निर्माण, प्रशासनिक मंजूरियों, टेंडरों, लाइसेंसों और भूमि से जुड़े मामलों में कथित अनियमितताओं की जांच की जा रही है। एजेंसी का कहना है कि इन आरोपों की जांच अभी जारी है और इन्हें फिलहाल साबित हुए तथ्य के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
CM कैंप ऑफिस सहित कई ठिकानों पर हो चुकी है छापेमारी
इस मामले में सीबीआई इससे पहले चंडीगढ़ स्थित मुख्यमंत्री के कैंप कार्यालय समेत पंजाब में कई स्थानों पर तलाशी ले चुकी है। जांच के दौरान लैपटॉप, मोबाइल फोन और महत्वपूर्ण दस्तावेज भी जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई थी। इसके अलावा, सीबीआई ने पंजाब सरकार से विभिन्न विभागों के रिकॉर्ड (जैसे तबादले, नियुक्तियां, नीतियां, विकास परियोजनाएं, भर्तियां और हथियारों के लाइसेंस संबंधी दस्तावेज) भी मांगे हैं।
मामला सुप्रीम कोर्ट में भी विचाराधीन
पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट द्वारा सीबीआई जांच के दिए गए निर्देशों को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। 12 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने एफआईआर पर रोक लगाने से तो इनकार कर दिया था, लेकिन अगली सुनवाई तक आरोपियों के खिलाफ कोई सख्त/दंडात्मक कार्रवाई न करने के निर्देश जारी किए थे। साथ ही अदालत ने पंजाब सरकार और संबंधित पक्षों को जांच में पूरी तरह सहयोग करने को कहा था।
