जयपुर, 11/01/2026
जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य ने एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के हालिया बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है. जयपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने ओवैसी के बयान को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा, “अब्दुल कलाम को राष्ट्रपति बनाया गया. हामिद अंसारी को उपराष्ट्रपति बनाया गया. उन्हें और क्या चाहिए? वे दिवास्वप्न देख रहे हैं. भारत में यदि कोई महिला प्रधानमंत्री बनेगी, तो वह साड़ी पहनकर ही बनेगी.” स्वामी रामभद्राचार्य इन दिनों जयपुर में रामकथा के लिए आए हुए हैं. उन्होंने ओवैसी को देश के इतिहास को समझने की सलाह देते हुए कहा कि उनका यह बयान दुर्भाग्यपूर्ण है.
ओवैसी का बयान क्या था?
हाल ही में महाराष्ट्र के सोलापुर में एक रैली के दौरान असदुद्दीन ओवैसी ने कहा था कि पाकिस्तान के संविधान में स्पष्ट रूप से केवल एक ही धर्म के व्यक्ति को प्रधानमंत्री बनने की अनुमति है, जबकि भारत के संविधान के अनुसार कोई भी नागरिक प्रधानमंत्री बन सकता है. उन्होंने अपनी इच्छा जताई कि “एक दिन हिजाब पहनने वाली बेटी इस देश की प्रधानमंत्री बनेगी.
बांग्लादेश पर भी बोले स्वामी रामभद्राचार्य
उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचारों को बहुत दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया. हालांकि, उन्होंने कहा कि बांग्लादेश सरकार ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है, लेकिन अल्पसंख्यकों पर अत्याचार बर्दाश्त नहीं किया जा सकता. उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा, “वहां किसी की भी दादागिरी नहीं चलेगी. भारत अब सबकी दादागिरी का जवाब देने में सक्षम है. इन बयानों के माध्यम से जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य ने एक ओर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिंदुओं व अल्पसंख्यकों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया, वहीं दूसरी ओर देश की राजनीति, संवैधानिक पदों और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ी बहस पर भी अपनी स्पष्ट और सख्त राय रखी.
