अलवर, 23/01/2026
जिले में बसंत पंचमी के दिन शुक्रवार को शादियों का माहौल रहा, लेकिन बड़ोदामेव स्थित होली चोक मोहल्ले की एक शादी ने अलवर ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश में सुर्खियां बटोरीं. इस शादी का कारण यह है कि दूल्हा और दुल्हन दोनों ही अलग-अलग हत्या के मामलों में उम्रकैद की सजा काट रहे हैं और जयपुर की सांगानेर ओपन जेल में बंद थे. दोनों ने जेल से पैरोल पर रिहा होकर शादी रचाई है.
ओपन जेल में शुरू हुई प्रेम कहानी
दूल्हा हनुमान प्रसाद उर्फ जैक और दुल्हन प्रिया सेठ उर्फ नेहा सेठ दोनों जयपुर की ओपन जेल में सजा भुगत रहे हैं. यहां उनके बीच नजदीकियां बढ़ीं और प्रेम संबंध बन गया. राजस्थान हाईकोर्ट के निर्देश पर दोनों को शादी के लिए 15 दिनों की इमरजेंसी पैरोल मिली थी. शादी की सभी रस्में मूल रूप से बड़ोदामेव में हनुमान प्रसाद के घर पर तय थीं.
शादी का स्थान बदला
शादी का कार्ड भी छप चुका था और वायरल हो गया, जिससे यह मामला प्रदेश भर में चर्चा में आ गया. लोगों की भीड़ और सुरक्षा को देखते हुए परिजनों ने अंतिम समय में शादी का स्थान बदल दिया और कुछ महिलाओं को घर पर छोड़ अन्य परिजन व रिश्तेदार शादी सम्पन्न कराने के लिए बड़ौदामेव से रवाना हो गए. हनुमान की मां ने बताया कि दोनों की शादी जयपुर में हुई है.
हनुमान प्रसाद की मां चंद्रकला ने बताया कि उनके पुत्र हनुमान प्रसाद और प्रिया सेठ की बसंत पंचमी को शादी हुई है. वे इस विवाह से बहुत खुश हैं. घर में खुशी का माहौल है. हनुमान 21 जनवरी को पैरोल पर आया था और 22 जनवरी को घर पर कुछ रस्में पूरी की गईं. परिवार के लोग शादी के लिए गए थे और अब शादी जयपुर में बताई जा रही है.
घर पर सजावट और माहौल
बड़ोदामेव स्थित घर पर रोशनी, सजावट और चित्रकारी की गई थी, जिससे खुशी का अंदाजा लगता है. घर पर कुछ महिलाएं मौजूद थीं, लेकिन अधिकांश रिश्तेदार अन्य जगह शादी सम्पन्न कराने रवाना हो गए. परिवार ने शादी जयपुर में होने की बात कही. हालांकि, कुछ चर्चाओं में अलवर के किसी होटल में शादी होने की अफवाहें भी रहीं, लेकिन होटल संचालकों और पुलिस-प्रशासन ने ऐसी किसी जानकारी से इनकार किया या अनभिज्ञता जताई.
शादी क्यों बनी चर्चित
यह शादी इसलिए अनोखी और चर्चित हुई क्योंकि दोनों दोषी अलग-अलग चर्चित हत्याकांडों में उम्रकैद की सजा काट रहे हैं. प्रिया सेठ जयपुर के डेटिंग ऐप मर्डर केस में दोषी है, जबकि हनुमान प्रसाद अलवर में एक परिवार के पति, तीन बच्चों और भतीजे सहित हत्याकांड में दोषी ठहराया गया है. ओपन जेल में मिलने के बाद दोनों का रिश्ता शादी तक पहुंचा, जो राजस्थान में अपनी तरह का पहला मामला माना जा रहा है.
