देहरादून, 28/01/2026
उत्तराखंड में बर्फबारी का दौर शुरू हो चुका है. मौसम विज्ञान केंद्र देहरादून ने 27 जनवरी से फिर से प्रदेश के उच्च हिमालयी इलाकों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश की संभावना जताई थी. लिहाजा, ऊंचाई वाले इलाकों में रुक-रुककर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश के साथ ओलावृष्टि भी रिकॉर्ड दर्ज की गई है. वहीं अब यूएसडीएमए ने पांच जिलों में एवलॉन्च का अलर्ट जारी किया है.
उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (यूएसडीएमए ) ने आज 28 जनवरी को डिफेंस गाइनोफोर्मेस्टिक रिसर्च एस्टेब्लिशमेंट, चंडीगढ़ (डीजीआरई) के हवाले से राज्य के पांच जिलों उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर में 28 जनवरी शाम 5 बजे से 29 जनवरी शाम 5 बजे तक राज्य के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी और एवलॉन्च की संभावना व्यक्त की है. विशेष रूप से उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़ जिले को डेंजर लेवल-3 में रखा है, जबकि बागेश्वर जिले को डेंजर लेवल-1 में रखा है.
यूएसडीएमए ने एवलॉन्च वाले इन पांचों जिलों के जिलाधिकारियों को पत्र के जरिए कहा है कि, डीजीआरई के मुताबिक, इन जिलों में अधिक बर्फ पड़ने की दिशा में एवलॉन्च का खतरा भी हो सकता है. ऐसे में इन क्षेत्रों में स्थानीय जनसामान्य द्वारा सावधानियां रखना जरूरी है.
गौर है चकराता, मसूरी, धनोल्टी, औली, नैनीताल, चोपता में अच्छी बर्फबारी रिकॉर्ड की गई है. जिससे पर्यटकों का उमड़ना भी शुरू हो गया है. पर्यटक जमकर बर्फबारी का लुत्फ उठा रहे हैं. उधर, केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में भी बर्फ की मोटी परत बिछ चुकी है. कई इलाकों में बर्फबारी के कारण मार्ग भी बंद हो गए हैं. सबसे ज्यादा असर पहाड़ी इलाकों की सड़कों पर है. जहां स्थानीय लोगों के साथ ही पर्यटकों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. हालांकि, सरकारी मशीनरी मार्गों को खोलने में जुटी हुई है.
