जींद, 20/01/2026
उचाना कलां के सुरेंद्र के परिवार की खुशी का उस समय ठिकाना नहीं रहा जब उन्हें सूचना मिली कि 9 बेटियों के बाद बेटे ने जन्म लिया है. नागरिक अस्पताल में करीब चार बजे गर्भवति रीतू पहुंची. रीतू को पहले से नौ बेटियां थी. ऐसे में सभी भगवान से दुआ कर रहे थे कि इस बार बेटा हो ताकि 9 बेटियों को भाई मिले. सुरेंद्र के दूसरे भाई के भी तीन बेटी है और उनका भी भाई नहीं है. ऐसे में 12 बहनों को आखिरकार भाई मिला है जिसकी पूरे परिवार को खुशी है.
9 बेटियों के बाद हुआ बेटा
पिता सुरेंद्र ने कहा कि भगवान की कृपा से 9 लड़कियों के बाद बेटा हुआ है. भगवान की कृपा से बेटा हुआ है जिससे सभी को खुशी हुई है. जिस तरह से बेटियों के बाद बेटा मेरे को दिया है, बेटियों को भाई मिल गया है. दो लड़कियों की शादी बीते साल नवंबर में हुई थी. सबसे छोटी बेटी की उम्र 3 साल की है जबकि सबसे बड़ी बेटी की उम्र 21 साल की है. कल्पना, आरती, भारती, खुशी, मानसू, रजनी, रजीव, काफी, माफी बेटियों के नाम है. सभी की दुआ से बेटा हुआ है.
परिवार में जश्न का माहौल
मां रीतू ने कहा कि भगवान ने नौ बेटियों के बाद बेटा दिया है. 24 साल शादी को हो चुके हैं. मौसी वीना ने बताया कि बेटा होने पर मौसी, मामा सभी को खुशी हुई है. चचेरी बहन कल्पना ने कहा कि वे बहुत खुश हैं. 23 साल के बाद हमारे घर में छोटा बाबू आया है. बहुत खुश है जिसको बयां नहीं कर सकते हैं. बुआ वीना ने कहा कि आज सारी दुनिया की खुशी हमें मिल गई है. 9 बेटियों के बाद बेटा हुआ है. मेरे ताऊ के तीन बेटे थे. बड़ा भाई गुजर चुका है जिसके तीन बेटी है. उसका भी कोई बेटा नहीं है.
अब 12 बेटियों को भाई मिल गया है.
अब 12 बेटियों को भाई मिल गया है. बेटे के जन्म के बाद हमारा दिल खुश हो गया है, इसलिए बेटे का नाम दिलखुश रखेंगे. परिवार की सदस्य प्रवीण देवी ने कहा कि डिलीवरी अच्छे से हुई है. 9 बेटियों के बाद बेटा हुआ है. इतनी खुशी हो रही है कि मैं उसे शब्दों में बयां नहीं कर सकती. वहीं डॉ. योगेश शर्मा ने बताया कि शाम चार बजे के करीब महिला रीतू आई थी, जिसको डिलीवरी होनी थी. पहले ही उसको 9 डिलीवरी हो चुकी है, सब बेटियां थी. 10वां लड़का हुआ है.
