कुल्लू, 28/01/2026
हिमाचल प्रदेश में बर्फबारी का दौर जारी है. आसमान से गिरते बर्फ से पहाड़ियां चांदी सी चमक रही है. वहीं, सड़कों पर सफेद चादर बिछी है. भले ही चारों ओर बर्फबारी का नजारा देखने में मनोहर लग रहा हो, लेकिन हैवी स्नोफॉल ने प्रदेश की रफ्तार पर ब्रेक लगा रखा है. शिमला, कुल्लू और लाहौल स्पीति जिले में बर्फबारी से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है. प्रदेश की सैकड़ों सड़कें बंद है. बिजली आपूर्ति बाधित है.
बात अगर कुल्लू जिले की करें तो बीते दिनों हुई बारिश और बर्फबारी के बाद घाटी में जनजीवन अस्त व्यस्त है. ग्रामीण क्षेत्र की 90 से अधिक सड़कें बंद है. वहीं, 1000 से अधिक बिजली के ट्रांसफार्मर भारी बर्फबारी के चलते बाधित चल रहे है. हालांकि, जिला प्रशासन की ओर से इन्हें ठीक करने का काम किया जा रहा है. लेकिन बर्फबारी ने जिला कुल्लू में लोगों की परेशानी बढ़ा दी है.
बर्फबारी से कुल्लू घाटी में 90 सड़के बंद
उपायुक्त कुल्लू तोरुल एस रवीश ने बताया, ‘घाटी में भारी बारिश हुई थी. ऐसे में मुख्य सड़कों की बात करें तो कुल्लू मनाली हाईवे पर सड़क बहाली का कार्य किया जा रहा है. वहीं, बंजार से जलोड़ी जोत की तरह होकर रोड की बहाली भी की जा रही है. ऐसे में जिला कुल्लू के दो मुख्य मार्ग बंद है तो वहीं 90 से अधिक ग्रामीण सड़क बंद चल रही है.जिला प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्य किया जा रहे है. बंद पड़ी सड़कों को खोलने के लिए भी प्रशासन मुस्तैदी से कार्य कर रहा है. वहीं, बिजली ट्रांसफार्मर भी ठीक किए जा रहे हैं’.
डीसी कुल्लू तोरुल एस रवीश ने कहा कि बीते दिनों भारी बारिश पर भारी के चलते सड़कों पर जाम की स्थिति देखने को मिल रही थी. ऐसे में उन्होंने कुल्लू घाटी में आने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों से अपील की है कि मौसम की स्थिति को देखते हुए ही अपने वाहनों को चलाए. साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि घाटी में मनाली के अलावा और भी बहुत से पर्यटन स्थल है, पर्यटक कसोल, मणिकर्ण और बंजार की भी ओर अन्य स्थानों पर जा सकते हैं.
उपायुक्त ने कहा कि घाटी में बर्फबारी के बाद आ रहे पर्यटकों सड़क पर बर्फबारी की स्थिति और ब्लैक आइसिंग को देखते हुए ही वाहन चलाएं. बंद पड़ी सड़कों को खोलने के लिए प्रशासन युद्ध स्तर पर कार्य कर रहा है. आगामी तीन दिनों तक मौसम साफ रहने के अनुमान है. ऐसे में जल्द सभी चीजों को बहाल कर दिया जाएगा.
29 जनवरी को बंद रहेंगे मनाली उपमंडल में शिक्षण संस्थान
उपायुक्त कुल्लू एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष तोरुल एस. रवीश ने मनाली उपमंडल में प्रतिकूल मौसम, सड़कों के बाधित होने और भूस्खलन की स्थिति के मद्देनजर छात्रों की सुरक्षा को देखते मनाली उपमंडल के शिक्षण संस्थानों को गुरुवार को बंद रखने के आदेश जारी किया है. इस आदेश के तहत मनाली उपमंडल के सभी शैक्षणिक संस्थान स्कूल, DIET, आंगनवाड़ी केंद्र, कॉलेज, ITI, पॉलिटेक्निक, इंजीनियरिंग और फार्मेसी कॉलेज (सरकारी एवं निजी) 29 जनवरी 2026 को छात्रों के लिए बंद रहेंगे. सभी संबंधित प्राधिकरणों को निर्देश दिए गए हैं कि इस आदेश की व्यापक रूप से सूचना सुनिश्चितकरें.
बर्फबारी और भूस्खलन के चलते राष्ट्रीय राजमार्ग-5 बाधित
शिमला जिले के रामपुर में ब्रोनी खड्ड में अचानक हुए भूस्खलन से सड़क पर भारी मात्रा में मलबा और पत्थर आ गिरने से वाहनों की आवाजाही ठप हो गई. वहीं, नारकंडा क्षेत्र में भी बर्फबारी के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग-5 कई स्थानों पर बाधित हो गया, जिससे स्थानीय लोगों और यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
भूस्खलन की सूचना मिलते ही राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं और सड़क बहाली का कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया. जेसीबी और अन्य भारी मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य लगातार जारी है. अधिकारियों के अनुसार मौसम अनुकूल रहने की स्थिति में जल्द ही मार्ग को एकतरफा बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है.
राष्ट्रीय राजमार्ग-5 के बाधित होने से रामपुर, शिमला, नारकंडा, फागू और आसपास के क्षेत्रों का संपर्क प्रभावित हुआ है. फल, सब्जी और अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति पर भी इसका असर पड़ रहा है. स्थानीय व्यापारियों और वाहन चालकों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है.
रामपुर प्रशासन ने कहा है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और मौसम साफ होते ही सड़क को पूरी तरह बहाल कर दिया जाएगा. साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त निगरानी रखी जा रही है. ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके. प्रशासन ने लोगों से संयम बरतने और जारी की गई एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है.
